शाजापुर: मध्य प्रदेश के शाजापुर से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता एवं जिला पंचायत सदस्य जगदीश कुमार मालवीय को 21.05 करोड़ रुपये के साइबर ठगी मामले में गिरफ्तार किया गया है। ग्वालियर साइबर क्राइम पुलिस की जांच में आरोप है कि वह साइबर ठगों को अपने बैंक खाते उपलब्ध कराता था और इसके बदले प्रत्येक लेनदेन पर करीब दो प्रतिशत कमीशन लेता था।

यह मामला ग्वालियर निवासी चार्टर्ड अकाउंटेंट अशोक विजयवर्गीय के साथ हुई 21.05 करोड़ रुपये की कथित साइबर ठगी से जुड़ा है। शिकायत के अनुसार, 'दिव्या सिंह' नाम से संपर्क करने वाली एक महिला ने उन्हें क्रिप्टोकरेंसी में निवेश का झांसा दिया। करीब 218 दिनों में उन्होंने 76 बैंक खातों में 106 ट्रांजेक्शन के जरिए 21.05 करोड़ रुपये जमा किए। ऑनलाइन निवेश पोर्टल पर राशि बढ़कर 33.10 करोड़ रुपये दिखाई गई, लेकिन निकासी संभव नहीं हो सकी। इसके बाद 13 जुलाई को राज्य साइबर पुलिस में मामला दर्ज कराया गया।

जांच के दौरान पुलिस ने उस बैंक खाते की पहचान की, जिसमें ठगी की रकम में से 50 लाख रुपये ट्रांसफर किए गए थे। जांच में सामने आया कि यह खाता जगदीश कुमार मालवीय के नियंत्रण में था। पुलिस का दावा है कि इसी खाते का उपयोग पहले भी देशभर में साइबर ठगी के 11 मामलों में किया जा चुका है।

राज्य साइबर पुलिस के अनुसार, आरोपी कथित रूप से लंबे समय से 'म्यूल अकाउंट नेटवर्क' से जुड़ा हुआ था। पुलिस अब उसके पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। तीन विशेष टीमें विभिन्न राज्यों में संभावित सहयोगियों और संदिग्ध बैंक खातों की पड़ताल कर रही हैं।

पुलिस के मुताबिक, संबंधित बैंक खाता 'सर्व कल्याण अनुसूचित जाति-जनजाति संगठन' के नाम पर संचालित था। जगदीश मालवीय वर्ष 2014 में संगठन से जुड़े और बाद में अध्यक्ष बनने के बाद खाते के संचालन का अधिकार अपने पास ले लिया। आरोप है कि उन्होंने इसी खाते का इस्तेमाल साइबर ठगी से जुड़े अंतरराज्यीय गिरोह को उपलब्ध कराने में किया।

प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी प्रत्येक ट्रांजेक्शन पर लगभग दो प्रतिशत कमीशन लेता था। पुलिस का दावा है कि पिछले डेढ़ महीने में इस खाते से तीन करोड़ रुपये से अधिक का लेनदेन हुआ है। जांच एजेंसियां इस दौरान आरोपी की विदेश यात्राओं और वित्तीय लेनदेन की भी जांच कर रही हैं।