गृह  कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग  झारखंड सरकार द्वारा चिन्हित जामताड़ा जिले के झारखंड आंदोलनकारियों के सम्मान में शनिवार को समाहरणालय स्थित एसजीएसवाई प्रशिक्षण भवन सभागार में प्रमाण पत्र वितरण समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन झारखंड विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो  उपायुक्त आलोक कुमार तथा अन्य गणमान्य अतिथियों ने संयुक्त रूप से किया।

समारोह में कुल 124 झारखंड आंदोलनकारियों को प्रमाण पत्र एवं शॉल प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उपायुक्त आलोक कुमार ने विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो का पौधा शॉल एवं प्रतीक चिन्ह भेंट कर स्वागत एवं सम्मान किया।

अपने संबोधन में विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो ने कहा कि झारखंड राज्य का निर्माण आंदोलनकारियों के त्याग संघर्ष और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि अलग राज्य की मांग को लेकर अनेक लोगों ने वर्षों तक संघर्ष किया  जेल यात्राएं कीं और अपने अधिकारों के लिए लगातार आवाज बुलंद की। उन्होंने झारखंड आंदोलन के प्रमुख नेता शिबू सोरेन के योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की और कहा कि उनके नेतृत्व में अलग झारखंड का सपना साकार हुआ।

उपायुक्त आलोक कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि झारखंड केवल प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध राज्य नहीं बल्कि वीरता संघर्ष और आत्मसम्मान की धरती भी है। उन्होंने आंदोलनकारियों के योगदान को प्रेरणादायक बताते हुए नई पीढ़ी को झारखंड आंदोलन के इतिहास से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। साथ ही उन्होंने कहा कि राज्य में शिक्षा स्वास्थ्य  सड़क  रोजगार और डिजिटल सुविधाओं के क्षेत्र में निरंतर विकास हो रहा है।

पुलिस अधीक्षक शंभू कुमार ने भी झारखंड आंदोलनकारियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य की पहचान उसकी समृद्ध संस्कृति  परंपरा और प्रकृति से जुड़ी हुई है  जिसे संरक्षित और आगे बढ़ाने की आवश्यकता है।

कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारी जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में झारखंड आंदोलनकारी उपस्थित रहे। समारोह के अंत में आंदोलनकारियों के योगदान को नमन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और स्वस्थ जीवन की कामना की गई।