हजारीबाग स्थित शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गया है। पिछले 24 घंटे के भीतर अस्पताल में चार लोगों की मौत के बाद परिजनों और आम लोगों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है।लगातार हो रही मौतों के बाद अस्पताल की व्यवस्था डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ की कार्यशैली को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।ताजा मामला कटकमसांडी प्रखंड से आई एक प्रसूता महिला की मौत का बताया जा रहा है। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों और नर्सों की लापरवाही के कारण महिला की जान चली गई।वहीं एक अन्य मामले में ऑक्सीजन की कमी के कारण एक मरीज की मौत होने का आरोप लगाया गया है।इन घटनाओं के बाद लोगों के मन में यह सवाल उठने लगा है कि आखिर अस्पताल इलाज के लिए है या मरीजों को मौत देने के लिए।लगातार हो रही घटनाओं के कारण अब आम लोगों का भरोसा सरकारी अस्पताल से उठता नजर आ रहा है। लोगों का कहना है कि अस्पताल में अव्यवस्था और लापरवाही चरम पर पहुंच चुकी है जिसके कारण मरीजों के परिजन निजी नर्सिंग होम की ओर रुख कर रहे हैं।घटना के बाद सदर विधायक भी अस्पताल पहुंचे और पूरे मामले की जांच की मांग की।लोगों का कहना है कि यदि अस्पताल की व्यवस्था को समय रहते दुरुस्त नहीं किया गया, तो भविष्य में और गंभीर घटनाएं सामने आ सकती हैं।हालांकि स्वास्थ्य विभाग लगातार अस्पताल की व्यवस्था बेहतर होने का दावा करता रहा है लेकिन लगातार सामने आ रही घटनाओं ने इन दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।