हजारीबाग जिले में निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ अभिभावकों का गुस्सा अब खुलकर सामने आ गया है। माउंट कार्मल और संत जेवियर स्कूल से करीब 38 छात्रों को बाहर किए जाने के बाद सोमवार को अभिभावकों ने उपायुक्त से मुलाकात कर अपनी समस्याएं रखीं।अभिभावकों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन जबरन एडमिशन फीस के साथ-साथ अधिकृत दुकानों से ही किताब कॉपी ड्रेस और अन्य सामान खरीदने का दबाव बना रहा है। विरोध करने पर बच्चों को स्कूल से निकाल दिया गया, जिसे अभिभावकों ने तानाशाही बताया।मामले की गंभीरता को देखते हुए उपायुक्त ने तत्काल एक जांच कमिटी गठित की है जो एक सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।कांग्रेस नेता मुन्ना सिंह ने कहा कि रिपोर्ट आने के बाद दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। वहीं समाजसेवी अभिषेक कुमार और प्रकाश पासवान ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो 17 अप्रैल से आमरण अनशन शुरू किया जाएगा।इस पूरे मामले ने अब बड़ा रूप ले लिया है और यह केवल कुछ छात्रों का मुद्दा नहीं रहकर शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त मनमानी के खिलाफ आंदोलन बनता जा रहा है।