हजारीबाग के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल SBMCH में बिजली व्यवस्था को लेकर गंभीर लापरवाही सामने आई है। करोड़ों रुपये के बजट बड़े जनरेटर और सोलर बैकअप सिस्टम होने के बावजूद बिजली कटते ही अस्पताल अंधेरे में डूब गया जिससे मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।जानकारी के अनुसार अस्पताल में बिजली आपूर्ति बनाए रखने के लिए 263 KVA 163 KVA और 63 KVA क्षमता के तीन बड़े जनरेटर लगाए गए हैं। इसके अलावा दो सोलर सेटअप भी मौजूद हैं। बावजूद इसके बुधवार शाम करीब साढ़े सात बजे बिजली गुल होते ही बैकअप सिस्टम काम नहीं कर सका और अस्पताल परिसर के कई वार्ड अंधेरे में डूब गए।भीषण गर्मी और उमस के बीच मरीजों नवजात बच्चों और उनके परिजनों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी। कई लोग मोबाइल की टॉर्च और हाथ के पंखों के सहारे रात गुजारने को मजबूर दिखे।मामले को लेकर अस्पताल प्रबंधन और स्वास्थ्य विभाग पर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद रखरखाव व्यवस्था बेहद खराब है।इधर मामले की जानकारी मिलने के बाद हजारीबाग सांसद मनीष जायसवाल ने अस्पताल प्रबंधन को सख्त निर्देश दिए हैं। सांसद के निर्देश पर सामाजिक कार्यकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों ने अस्पताल पहुंचकर अधिकारियों से जवाब-तलब किया और व्यवस्था तुरंत सुधारने की चेतावनी दी।लोगों का कहना है कि अगर समय रहते बिजली और बैकअप व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई, तो किसी बड़ी घटना से इनकार नहीं किया जा सकता।यह मामला सामने आने के बाद जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था और अस्पताल प्रबंधन को लेकर बहस तेज हो गई है। अब लोगों की नजर प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।