पोटका राष्ट्रीय मंच पर टांगराईन के प्रधानाध्यापक अरविंद कुमार तिवारी ने साझा किए विद्यालयी नवाचार
पोटका झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले के पोटका प्रखंड स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय, टांगराईन के प्रभारी प्रधानाध्यापक अरविंद कुमार तिवारी ने राष्ट्रीय मंच पर झारखंड के विद्यालयी नवाचारों और
शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों को साझा किया। उनके इस विशेष सहभागिता
से क्षेत्र में खुशी का माहौल है।राष्ट्रीय शैक्षिक
योजना एवं प्रशासन संस्थान (NIEPA), नई दिल्ली के राष्ट्रीय विद्यालय नेतृत्व केंद्र (NCSL) की ओर से आयोजित साप्ताहिक लाइव स्ट्रीमिंग कार्यक्रम में अरविंद कुमार तिवारी
को विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था। देशभर में हुआ कार्यक्रम का सीधा प्रसारण 21 अगस्त को आयोजित इस कार्यक्रम का राष्ट्रव्यापी सीधा प्रसारण पीएम ई-विद्या डीटीएच-टीवी चैनल और NCERT के आधिकारिक YouTube चैनल के माध्यम से किया गया।कार्यक्रम का विषय “Leading Innovation for School Transformation: A Case of
Jharkhand” रखा गया था। इस दौरान अरविंद कुमार
तिवारी ने NCSL की सहायक प्राध्यापिका डॉ. निवेदिता सिंह के साथ झारखंड के ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में
विद्यालय स्तर पर किए गए विभिन्न नवाचारों और शिक्षा के क्षेत्र में बदलाव लाने के
प्रयासों पर चर्चा की। ग्रामीण शिक्षा में नवाचारों को राष्ट्रीय मंच पर रखा कार्यक्रम के
दौरान तिवारी ने अपने विद्यालयी नेतृत्व
के अनुभव, ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा को बेहतर
बनाने के प्रयास और विद्यालय स्तर पर किए गए नवाचारों के बारे में विस्तार से
जानकारी साझा की।उन्होंने बताया कि
सीमित संसाधनों के बावजूद स्थानीय जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विद्यालयों में
किए गए छोटे-छोटे प्रयास शिक्षा की गुणवत्ता और विद्यार्थियों के सीखने के अनुभव
में सकारात्मक बदलाव ला सकते हैं। तीन दशक से आदिवासी समुदायों के बीच कर रहे काम अरविंद कुमार
तिवारी पिछले करीब 30 वर्षों से पोटका क्षेत्र के आदिवासी समुदायों के बीच जमीनी
स्तर पर काम कर रहे हैं। शिक्षा के क्षेत्र में लंबे
अनुभव के साथ वे स्वैच्छिक संस्था ‘युवा’ के संस्थापक भी रहे हैं।इसके अलावा वे जेसीईआरटी की कक्षा 6 से 8 की सामाजिक विज्ञान पाठ्यपुस्तक समिति के सदस्य भी रह चुके हैं।शिक्षा और सामाजिक
सरोकारों से जुड़े उनके अनुभवों को राष्ट्रीय मंच पर स्थान मिलने को क्षेत्र के
लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है। ‘स्कूल में जेंडर’ पुस्तक भी हो चुकी है प्रकाशित अरविंद कुमार
तिवारी की शिक्षा और सामाजिक विषयों से जुड़ी पुस्तक ‘स्कूल में जेंडर’ भी प्रकाशित हो चुकी है। लंबे समय से ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों में
शिक्षा के क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण उनके अनुभवों को राष्ट्रीय कार्यक्रम
में साझा किया जाना पोटका के लिए गौरव का विषय माना जा रहा है।उनके राष्ट्रीय
मंच पर सहभागिता की जानकारी मिलने के बाद क्षेत्र के शिक्षकों, शिक्षा से जुड़े लोगों और स्थानीय लोगों में हर्ष का माहौल
है।














