बराकर नदी में सुदिव्य कुमार सोनू की अस्थियां विसर्जित, बेटे श्रेयश ने दी अंतिम विदाई
गिरीडीह: दिवंगत नेता सुदिव्य कुमार सोनू की अस्थियां बुधवार को बराकर नदी में पूरे विधि-विधान के साथ विसर्जित की गईं। उनके पुत्र श्रेयश ने धार्मिक अनुष्ठान और मंत्रोच्चार के बीच पिता को अंतिम विदाई दी। इस दौरान परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों और बड़ी संख्या में समर्थक मौजूद रहे। अस्थि विसर्जन के दौरान माहौल बेहद भावुक रहा। पिता की अस्थियों को बराकर नदी में विसर्जित करते समय श्रेयश भावुक नजर आए। मौके पर मौजूद लोगों ने नम आंखों से दिवंगत सुदिव्य कुमार सोनू को याद किया और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। बराकर नदी के तट पर पूरे धार्मिक विधि-विधान के साथ अस्थि विसर्जन की प्रक्रिया पूरी की गई। मंत्रोच्चार के बीच श्रेयश ने पिता की अस्थियों का विसर्जन किया। इस दौरान परिवार के साथ रिश्तेदार और करीबी लोग भी मौजूद रहे। अस्थि विसर्जन के दौरान सुदिव्य कुमार सोनू के समर्थकों और शुभचिंतकों की आंखें नम रहीं। लोगों ने उनके साथ बिताए समय और जनसेवा से जुड़े कार्यों को याद किया। सुदिव्य कुमार सोनू के निधन की खबर के बाद गिरिडीह में शोक की लहर दौड़ गई थी। उनके अंतिम संस्कार में हजारों की संख्या में लोग पहुंचे थे और उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि दी थी। परिवार, राजनीतिक सहयोगियों, समर्थकों और आम लोगों ने उनके निधन पर गहरा दुख जताया था। बड़ी संख्या में लोगों ने अंतिम यात्रा में शामिल होकर दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि दी। अस्थि विसर्जन के मौके पर मौजूद समर्थकों ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू ने लोगों के बीच रहकर काम किया और जनसेवा से जुड़े रहे। उनके निधन से क्षेत्र ने एक सक्रिय जनप्रतिनिधि और जनसेवा से जुड़े व्यक्ति को खो दिया है। समर्थकों का कहना है कि लोगों के बीच उनकी सक्रियता और जनसेवा के कार्यों के लिए उन्हें लंबे समय तक याद किया जाएगा। उनके निधन से परिवार के साथ-साथ गिरिडीह के राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में भी शोक का माहौल है।धार्मिक मंत्रोच्चार के बीच हुआ अस्थि विसर्जन
अंतिम संस्कार में उमड़ा था जनसैलाब
जनसेवा के लिए हमेशा याद किए जाएंगे सोनू















