मझगांव घटना पर बाबूलाल मरांडी का सरकार पर हमला, बोले- दोषियों की जल्द गिरफ्तारी नहीं हुई तो भाजपा करेगी आंदोलन
चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले के मझगांव थाना क्षेत्र के पाण्डुकी गांव में आदिवासी समाज के पूजा स्थल देसाउली में कथित रूप से हुई घटना और ग्रामीणों पर हमले के बाद झारखंड विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता एवं पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने इसे बेहद गंभीर और निंदनीय बताया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी नहीं हुई तो भारतीय जनता पार्टी लोकतांत्रिक आंदोलन करेगी। बुधवार को बाबूलाल मरांडी के नेतृत्व में भाजपा का एक प्रतिनिधिमंडल सदर अस्पताल, चाईबासा पहुंचा, जहां उन्होंने घटना में घायल ग्रामीणों और उनके परिजनों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। प्रतिनिधिमंडल ने अस्पताल प्रबंधन से सभी घायलों के बेहतर इलाज और आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने का आग्रह किया। मरांडी ने बताया कि उन्होंने दूरभाष पर पुलिस अधीक्षक से बातचीत कर पूरे मामले की जानकारी ली और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी तथा कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, पाण्डुकी गांव स्थित आदिवासी समाज के पवित्र पूजा स्थल देसाउली में कुछ युवकों द्वारा कथित रूप से नशापान और पूजा स्थल को अपवित्र करने का विरोध करने पर ग्रामीणों पर हमला किया गया। इस घटना में कई ग्रामीण घायल हुए, जिनमें कुछ की हालत गंभीर बताई गई है। गंभीर घायलों को मझगांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से रेफर कर सदर अस्पताल, चाईबासा में भर्ती कराया गया है। बाबूलाल मरांडी ने कहा कि आदिवासी समाज की आस्था, संस्कृति और धार्मिक स्थलों की सुरक्षा हर हाल में सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि प्रशासन समय पर और निष्पक्ष कार्रवाई नहीं करता है तो भाजपा जनभावनाओं के साथ सड़क पर उतरकर आंदोलन करेगी। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज पर किसी भी प्रकार के अत्याचार या शोषण को भाजपा किसी भी परिस्थिति में स्वीकार नहीं करेगी और पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करेगी। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल में पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, पूर्व सांसद एवं भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष गीता कोड़ा, मझगांव के पूर्व विधायक बड़कुवर गागराई, भाजपा प्रदेश मंत्री जे.बी. तुबिद तथा भाजपा जिला महामंत्री भूषण पाट पिंगुवा सहित अन्य नेता उपस्थित रहे।














