उपराजधानी दुमका के मसलिया प्रखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत दलाही में नूनबिल नदी के किनारे स्थित माता नूनबिल बूढ़ी बेदी के समीप बहुचर्चित गर्म जलकुंड में इस वर्ष मकर संक्रांति के अवसर पर श्रद्धालुओं की भीड़ अपेक्षाकृत कम देखने को मिली।हर वर्ष 15 जनवरी को माता नूनबिल बूढ़ी की पूजा अर्चना के बाद यहां आठ दिवसीय मेले का आयोजन किया जाता है। मकर संक्रांति के मौके पर इस गर्म जलकुंड में स्नान के लिए विभिन्न जिलों से श्रद्धालु देर रात से ही पहुंचने लगते हैं।लेकिन इस वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या में काफी कमी देखी गई। भीड़ कम होने का सीधा असर यहां नमक बताशा और अगरबत्ती बेचने वाले ब्राह्मण व बैरागी दुकानदारों पर भी पड़ा। कई दुकानदार इस बार मेले में नहीं पहुंचे जबकि जो पहुंचे वे मायूस नजर आए।दुकानदारों ने बताया कि पिछले वर्षों की तुलना में इस बार श्रद्धालुओं की संख्या काफी कम रही जिसके कारण नमक और बताशा की बिक्री भी बेहद कम हुई है।