गिरिडीह जिले के धनवार थाना क्षेत्र के खैरीडीह गांव में अवैध खनन के खिलाफ उठी आवाज को बेरहमी से कुचल दिया गया। बुधवार रात 55 वर्षीय रफीक मियां की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई जबकि उनके चचेरे भाई सुफेद अंसारी को गंभीर रूप से घायल कर दिया गया।इस मामले में भाजपा के ग्रामीण जिला उपाध्यक्ष उदय कुमार सिंह समेत सात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। अन्य आरोपियों में सनाउल्लाह अंसारी, जियाउल्लाह अंसारी अयूब अंसारी सुफैद आलम अनसारुल और आलम मियां शामिल हैं।परिजनों के अनुसार खैरीडीह स्थित स्टोन माइंस की लीज खत्म होने के बावजूद यहां अवैध खनन जारी था। रफीक मियां लंबे समय से इसका विरोध कर रहे थे और उन्हें पहले भी धमकियां मिल चुकी थीं।घटना की रात जब वे अपनी पत्नी के साथ खनन रोकने पहुंचे तो आरोप है कि वहां मौजूद लोगों ने उन पर हमला कर दिया। हमले में उनकी मौके पर ही मौत हो गई जबकि बीच बचाव करने पहुंचे सुफेद अंसारी को भी गंभीर रूप से घायल कर दिया गया।ग्रामीणों का दावा है कि रात के अंधेरे में बिना चालान 70-80 हाइवा से पत्थरों की ढुलाई की जा रही थी।घटना के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और सभी आरोपी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं। थाना प्रभारी ने बताया कि मामला दर्ज कर जांच तेज कर दी गई है।वहीं, नामजद आरोपी उदय कुमार सिंह ने खुद को निर्दोष बताते हुए साजिश के तहत फंसाने का आरोप लगाया है।घटना के बाद गांव में आक्रोश और मातम का माहौल है। ग्रामीणों ने दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और अवैध खनन पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।