एअर इंडिया फ्लाइट टेल स्ट्राइक दिल्ली बेंगलुरु लैंडिंग घटना
दिल्ली से बेंगलुरु जा रही एअर इंडिया की फ्लाइट AI2651 लैंडिंग के दौरान टेल स्ट्राइक घटना का शिकार हो गई। हालांकि राहत की बात यह
रही कि विमान सुरक्षित तरीके से लैंड हो गया और सभी यात्री व क्रू सदस्य सुरक्षित
बाहर निकल गए। एयरलाइन की ओर से दी
गई जानकारी के अनुसार घटना के बाद विमान को विस्तृत तकनीकी जांच के लिए ग्राउंड कर
दिया गया है। मामले की जांच संबंधित नियामक एजेंसियों के साथ तय प्रक्रियाओं के
तहत की जाएगी। एअर इंडिया के प्रवक्ता ने बताया कि सुरक्षा मानकों को ध्यान
में रखते हुए विमान को फिलहाल सेवा से बाहर रखा गया है। तकनीकी टीम घटना के कारणों
की जांच कर रही है। एयरलाइन ने कहा कि
यात्रियों और क्रू की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी आवश्यक सुरक्षा
प्रोटोकॉल का पालन किया गया। इस घटना का असर बेंगलुरु से दिल्ली आने वाली वापसी उड़ान AI2652 पर भी पड़ा। एयरलाइन ने इस फ्लाइट को रद्द कर दिया है। प्रभावित यात्रियों के लिए वैकल्पिक यात्रा व्यवस्था की जा रही
है। साथ ही बेंगलुरु एयरपोर्ट पर ग्राउंड स्टाफ यात्रियों की सहायता में जुटा हुआ
है। सूत्रों के मुताबिक पायलट ने लैंडिंग से ठीक पहले गो अराउंड प्रक्रिया अपनाई थी। यह विमानन सुरक्षा का एक
सामान्य प्रोटोकॉल है जिसका इस्तेमाल तब किया जाता है जब लैंडिंग की स्थिति पूरी तरह
सुरक्षित न हो। जानकारी के अनुसार विमान के सामने उड़
रहे एक बड़े विमान से उत्पन्न संभावित वेक टर्बुलेंस से बचने के लिए यह कदम उठाया
गया। वेक टर्बुलेंस उस स्थिति को कहते हैं जब किसी बड़े विमान के
गुजरने के बाद हवा में अस्थिरता या तेज वायुगति परिवर्तन पैदा होता है। इससे पीछे
उड़ रहे विमान के संतुलन और लैंडिंग पर असर पड़ सकता है। टेल स्ट्राइक
वह स्थिति होती है जब टेकऑफ या लैंडिंग के दौरान विमान का पिछला हिस्सा टेल रनवे
को छू जाता है। यह स्थिति विमान के
ढांचे को नुकसान पहुंचा सकती है। ऐसे मामलों में विमान की गहन तकनीकी जांच की जाती
है ताकि उड़ान सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। फिलहाल एयरलाइन और संबंधित एजेंसियां मामले की विस्तृत जांच
में जुटी हैं।जांच के लिए विमान को किया गया ग्राउंड
वापसी फ्लाइट AI2652 रद्द
लैंडिंग से पहले अपनाई गई गो अराउंड प्रक्रिया
क्या होती है वेक टर्बुलेंस
क्या होती है टेल स्ट्राइक














