झारखंड के दुमका जिले के मसलिया  प्रखंड अंतर्गत स्थित रंग पंचाइत पंचायत मुख्यालय की स्थिति बदहाल बनी हुई है। पंचायत भवन की हालत देखकर लोग यह कहने को मजबूर हो जाते हैं कि चिराग तले अंधेरा।मसलिया प्रखंड मुख्यालय से महज कुछ दूरी पर स्थित इस पंचायत भवन में तो भवन की रंग रोगन की व्यवस्था है और ही खिड़कियों शौचालय की सही स्थिति। भवन के कई हिस्सों में धूल और मकड़ी के जाल लगे हुए हैं, जिससे ऐसा प्रतीत होता है मानो यह कार्यालय नहीं बल्कि किसी पुरानी इमारत का परित्यक्त भवन हो।स्थानीय लोगों का कहना है कि पंचायत भवन का हाल ऐसा है कि यहां साफ सफाई और रखरखाव का पूरी तरह अभाव दिखाई देता है। जबकि सरकार की ओर से प्रत्येक पंचायत को भवन के सुदृढ़ीकरण और रखरखाव के लिए हर महीने लगभग 15 हजार रुपये उपलब्ध कराए जाते हैं।इसके बावजूद पंचायत भवन में तो खिड़कियों के शीशे सही हैं और ही नियमित साफ सफाई होती है। पंचायत मुख्यालय में सफाई के लिए झाड़ूदार और सुरक्षा के लिए रात्रि प्रहरी की भी व्यवस्था की गई है लेकिन उसके बावजूद भवन की स्थिति में सुधार नहीं दिख रहा है।पंचायत मोबिलाइजर से इस संबंध में पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि पंचायत मुख्यालय में सप्ताह में केवल गुरुवार के दिन सभी कर्मी उपस्थित रहते हैं। अन्य दिनों में केवल बीएलई और सचिव मौजूद रहते हैं। वहीं विशेष कार्य होने पर मुखिया, रोजगार सेवक और सचिव अपने कार्यालय में बैठकर काम करते हैं।स्थानीय लोगों का कहना है कि पंचायत मुख्यालय की स्थिति सुधारने के लिए प्रशासन को इस ओर ध्यान देना चाहिए, ताकि ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में किसी तरह की परेशानी हो।