धनबाद: धनबाद रेल मंडल से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। आसनसोल-गया पैसेंजर ट्रेन में यात्रियों के टिकट की जांच कर रही एक कथित फर्जी महिला टीटी को पकड़ा गया है। महिला सीतारामपुर स्टेशन से ट्रेन में सवार हुई थी और इसके बाद यात्रियों के टिकट चेक करने लगी।

इसी दौरान ट्रेन में ड्यूटी पर तैनात एक महिला टीटी को उस पर शक हुआ। पूछताछ और पहचान की जांच के बाद कथित फर्जी टीटी के पकड़े जाने का मामला सामने आया।

सीतारामपुर स्टेशन से ट्रेन में सवार हुई थी महिला

जानकारी के अनुसार, महिला सीतारामपुर स्टेशन से आसनसोल-गया पैसेंजर ट्रेन में सवार हुई। ट्रेन में चढ़ने के बाद वह यात्रियों के टिकट की जांच करने लगी।

कुछ देर बाद ड्यूटी पर तैनात वास्तविक महिला टीटी को उसकी गतिविधियों पर संदेह हुआ। इसके बाद उससे पूछताछ की गई और उसकी पहचान से संबंधित जानकारी मांगी गई। जांच के बाद मामला संदिग्ध पाए जाने पर इसकी सूचना जीआरपी को दी गई।

जीआरपी के हवाले की गई कथित फर्जी टीटी

मामले की जानकारी मिलने के बाद रेल जीआरपी पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को अपने कब्जे में लेकर पूछताछ शुरू की। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि महिला किस उद्देश्य से ट्रेन में टिकट चेक कर रही थी।

पूछताछ में महिला ने कथित तौर पर सियालदह के अमित सेन के जरिए नौकरी मिलने की बात कही है। हालांकि, इस दावे की पुलिस जांच कर रही है।

उम्र को लेकर भी जांच, नाबालिग होने की बात

पुलिस महिला की उम्र की भी जांच कर रही है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, उसे नाबालिग बताया जा रहा है। उम्र की आधिकारिक पुष्टि मेडिकल या दस्तावेजी जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।

यात्रियों से पैसे लिए या नहीं, जांच जारी

जीआरपी अब पूरे मामले के कई पहलुओं की जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि—

  • महिला किस मकसद से यात्रियों के टिकट चेक कर रही थी?
  • क्या उसने किसी यात्री से टिकट के नाम पर पैसे लिए?
  • उसे फर्जी टीटी बनकर ट्रेन में टिकट जांच करने के लिए किसने भेजा?
  • क्या उसके पीछे कोई गिरोह सक्रिय है?
  • अमित सेन की भूमिका क्या है?

फिलहाल जीआरपी मामले की जांच और पूछताछ में जुटी है।

रेलवे की टिकट जांच व्यवस्था पर उठे सवाल

धनबाद रेल मंडल में ट्रेन के अंदर कथित फर्जी टीटी के पकड़े जाने की घटना ने रेल यात्रियों की सुरक्षा और टिकट जांच व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले की पूरी तस्वीर पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।