चैनपुर में बाल प्रदर्शनी: चंद्रयान-3 से मानव हृदय तक, बच्चों ने मॉडलों से दिखाई वैज्ञानिक प्रतिभा
चैनपुर (गुमला): किसी ने चंद्रयान-3 का मॉडल तैयार किया, तो किसी ने मानव हृदय की कार्यप्रणाली समझाई। किसी ने पाचन तंत्र की जटिल प्रक्रिया को आसान बनाया, तो किसी ने जल शुद्धिकरण का तरीका प्रदर्शित किया। राजकीयकृत बालक मध्य विद्यालय, चैनपुर में बुधवार को आयोजित बाल प्रदर्शनी में बच्चों की वैज्ञानिक सोच और रचनात्मक प्रतिभा की ऐसी ही झलक देखने को मिली। विद्यालय प्रबंधन की ओर से आयोजित इस प्रदर्शनी में छात्र-छात्राओं ने विभिन्न विषयों पर खुद मॉडल तैयार किए और उनके माध्यम से विज्ञान के कठिन सिद्धांतों को सरल भाषा में समझाया। बच्चों की प्रस्तुतियों ने अतिथियों, अभिभावकों और शिक्षकों का ध्यान आकर्षित किया। प्रदर्शनी में बच्चों ने चंद्रयान-3, विद्युत के सुचालक, कुचालक और मध्य चालक, चंद्रग्रहण एवं सूर्यग्रहण, मानव हृदय की कार्यप्रणाली, पाचन तंत्र, प्रकाश संश्लेषण और जल शुद्धिकरण जैसे विषयों पर मॉडल प्रस्तुत किए। खास बात यह रही कि विद्यार्थियों ने केवल मॉडल बनाकर अपनी जिम्मेदारी पूरी नहीं की, बल्कि उनके काम करने के तरीके को भी प्रयोग और प्रदर्शन के जरिए समझाया। कार्यक्रम में जिला परिषद सदस्य मेरी लकड़ा, चैनपुर बीडीओ सह सीओ दिनेश कुमार और थाना प्रभारी अरविंद कुमार उपस्थित रहे। इनके अलावा विद्यालय के छात्र-छात्राएं, अभिभावक और शिक्षक-शिक्षिकाएं भी प्रदर्शनी का हिस्सा बने। बच्चों ने अतिथियों और अभिभावकों को अलग-अलग मॉडलों की जानकारी दी और वैज्ञानिक प्रक्रियाओं को व्यावहारिक उदाहरणों से समझाया। इस प्रदर्शनी ने विद्यार्थियों को किताबी पढ़ाई से आगे बढ़कर प्रयोग के माध्यम से सीखने का अवसर दिया। मॉडल निर्माण और उनकी व्याख्या के जरिए बच्चों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, रचनात्मकता और आत्मविश्वास को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया गया। प्रदर्शनी में बच्चों की सक्रिय भागीदारी ने यह भी दिखाया कि सही मार्गदर्शन और अवसर मिलने पर विद्यार्थी जटिल विषयों को भी सहज ढंग से प्रस्तुत कर सकते हैं।चंद्रयान-3 से मानव शरीर तक के मॉडल
अतिथियों ने देखी बच्चों की प्रतिभा
प्रयोगात्मक शिक्षा को मिला बढ़ावा














