झारखंड के साहेबगंज से बिहार के मनिहारी के बीच गंगा नदी के रास्ते चलने वाली फेरी सेवा बंद कर दी गई है जिससे हजारों यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। यह फेरी सेवा साहेबगंज से मनिहारी होकर कटिहार पूर्णिया जोगबनी सिलीगुड़ी सहित नेपाल तक यात्रा करने वाले लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण आवागमन साधन था।बताया जा रहा है कि जिला प्रशासन के आदेश पर कन्हैया लॉजिस्टिक द्वारा संचालित यात्री और मालवाहक फेरी सेवा का परिचालन बंद कर दिया गया है। कंपनी प्रबंधन के अनुसार उन्हें फेरी सेवा संचालन की अनुमति केवल 31 मार्च तक ही थी जिसके बाद सेवा बंद करनी पड़ी।जानकारी के अनुसार फेरी सेवा संचालन के लिए झारखंड सरकार और बिहार के कटिहार जिला प्रशासन द्वारा दो दो वर्षों के लिए निविदा जारी की जाती है। इस बार कटिहार जिला प्रशासन द्वारा निकाली गई निविदा की न्यूनतम राशि लगभग 13 करोड़ रुपये रखी गई थी जो काफी अधिक होने के कारण कोई भी ठेकेदार टेंडर प्रक्रिया में शामिल नहीं हुआ। इसके कारण 1 अप्रैल से फेरी सेवा पूरी तरह बंद हो गई।फेरी सेवा बंद होने से अब यात्रियों को मजबूरी में नाव के सहारे गंगा पार करना पड़ सकता है जिसमें जान का जोखिम भी रहता है और अधिक किराया भी देना पड़ता है। इससे आम लोगों व्यापारियों और दैनिक यात्रियों की परेशानियां बढ़ गई हैं।कन्हैया लॉजिस्टिक के प्रबंधक ने कहा कि यदि साहेबगंज या कटिहार जिला प्रशासन वैकल्पिक अनुमति देता है तो वे फिर से यात्री और मालवाहक जहाज चलाने को तैयार हैं। अब देखना यह होगा कि प्रशासन जनहित को देखते हुए फेरी सेवा फिर से शुरू कराने के लिए क्या कदम उठाता है।