जामताड़ा, 3 अक्टूबर 2026: नेशनल मिशन ऑन सॉयल हेल्थ एंड फर्टिलिटी के अंतर्गत विद्यार्थियों में मृदा स्वास्थ्य एवं मृदा परीक्षण के प्रति वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करने और मिट्टी की उर्वराशक्ति के संरक्षण के उद्देश्य से शनिवार को फतेहपुर प्रखंड के पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय, तम्बाजोर (धसानियां) में विद्यालय मृदा स्वास्थ्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को मिट्टी की गुणवत्ता, उसमें मौजूद पोषक तत्वों और संतुलित उर्वरक के प्रयोग के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को मृदा परीक्षण के महत्व के बारे में बताया और समझाया कि मिट्टी की गुणवत्ता की जांच के आधार पर ही फसलों के लिए आवश्यक पोषक तत्वों एवं उर्वरकों का उचित उपयोग किया जा सकता है।

कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में मिट्टी के स्वास्थ्य को लेकर जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें वैज्ञानिक तरीके से मृदा परीक्षण और उर्वराशक्ति संरक्षण की जानकारी देना था। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने भी रुचि के साथ जानकारी प्राप्त की।

इस अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र, जामताड़ा के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. देवकांत प्रसाद, आत्मा के उप परियोजना निदेशक संजय कुमार सिंह, विद्यालय की प्रधानाध्यापिका डॉ. प्रीति श्रीवास्तव, फतेहपुर के बीटीएम हिमांशु कुमार दास, शिक्षिका नाज फातिमा और शिक्षक प्रतीक मोहन मिश्रा सहित विद्यालय के छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को मृदा स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करते हुए मिट्टी की उर्वराशक्ति बनाए रखने और कृषि में वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने का संदेश दिया गया।