चैनपुर: चैनपुर प्रखंड के बरवेनगर स्थित कटकोया पहाड़ पर तेंदुए की हलचल की आशंका से इलाके में दहशत का माहौल है। पहाड़ पर दो मवेशियों के कथित तौर पर जंगली जानवर का शिकार होने के बाद वन विभाग ने ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी है। साथ ही शाम 5 बजे के बाद कटकोया पहाड़ की ओर जाने पर प्रतिबंध लगाया गया है।

घटना के संबंध में पीड़ित ग्रामीण रिजवान खान उर्फ लाल खान ने बताया कि वह रोज की तरह अपने मवेशियों को चराने कटकोया पहाड़ ले गए थे। शाम करीब 4 बजे जब वह मवेशियों को वापस लाने पहुंचे तो उनके दो बैल गायब मिले।

काफी तलाश के बावजूद जब बैल घर नहीं लौटे तो अगले दिन सुबह ग्रामीणों की मदद से पहाड़ पर खोजबीन शुरू की गई। इस दौरान पहाड़ पर एक बैल का आधा खाया हुआ और सड़ा-गला शव बरामद हुआ। घटनास्थल के आसपास जमीन पर जंगली जानवर के बड़े और गहरे पंजों के निशान भी मिले।

इन निशानों के बाद ग्रामीणों में तेंदुए के हमले की आशंका और बढ़ गई।

वन विभाग की टीम ने किया निरीक्षण

मामले की सूचना मिलने के बाद प्रभारी वनपाल राजकुमार साहू के नेतृत्व में वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। वन अधिकारियों के अनुसार, मवेशियों का शव करीब 3 से 4 दिन पुराना होने के कारण काफी सड़ चुका था।

प्रारंभिक जांच के आधार पर इलाके में तेंदुए की मौजूदगी की संभावना जताई गई है। हालांकि, वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि वास्तविक जानवर की पहचान और हमले की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

गुफाओं के कारण सर्च ऑपरेशन में परेशानी

कटकोया पहाड़ का इलाका काफी दुर्गम है और यहां बड़ी संख्या में गुफाएं मौजूद हैं। इसके कारण फिलहाल सर्च ऑपरेशन चलाने में व्यावहारिक कठिनाइयां सामने आ रही हैं।

वन विभाग की टीम इलाके पर लगातार नजर बनाए हुए है और संभावित गतिविधियों की निगरानी की जा रही है।

शाम 5 बजे के बाद पहाड़ पर जाने पर रोक

स्थिति को देखते हुए वन विभाग ने ग्रामीणों के लिए एडवाइजरी जारी की है। लोगों से जंगल या पहाड़ी क्षेत्र में अकेले नहीं जाने की अपील की गई है।