धनबाद: सरकारी जमीनों को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए जिला प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी है। इसी कड़ी में शनिवार को रांगाटांड़ ट्रैक्शन कॉलोनी से पांडरपाला तक अतिक्रमण के खिलाफ अभियान चलाया गया। इस दौरान खटालों और अवैध झोपड़ियों की नापी कर उन्हें चिह्नित किया गया। साथ ही, चिह्नित निर्माणों की नंबरिंग भी की गई, ताकि आगे की कार्रवाई की जा सके।

अभियान के दौरान धनबाद के अंचल अधिकारी रामप्रवेश कुमार और भूली थाना की टीम मौजूद रही। प्रशासन की ओर से स्पष्ट किया गया कि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण करने वालों को नियमानुसार नोटिस दिया जाएगा। निर्धारित समय सीमा समाप्त होने के बाद अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाएगी।

सरकारी जमीन पर कब्जा हटाने की तैयारी

धनबाद के अंचल अधिकारी रामप्रवेश कुमार ने बताया कि जिले में सरकारी जमीनों को चिह्नित कर अतिक्रमण मुक्त कराने का अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत खटालों, झोपड़ियों और अन्य निर्माणों की पहचान की जा रही है। संबंधित लोगों को नोटिस देकर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

सीओ के अनुसार, जिस जमीन पर फिलहाल नापी की जा रही है, वह रेलवे की जमीन है। इस संबंध में धनबाद के उपायुक्त की ओर से संबंधित रेल अधिकारियों को सूचित किया गया है।

कई इलाकों में भी चलेगा अभियान

अंचल अधिकारी ने स्पष्ट किया कि धनबाद शहरी क्षेत्र में सरकारी जमीन पर संचालित खटालों और अन्य अतिक्रमणों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। आने वाले दिनों में लोको टैंक, डीएस कॉलोनी, बरमसिया पुल के आसपास और मनईटांड़ में अभियान चलाने की योजना है।

प्रशासन के अनुसार, जिले में जहां भी सरकारी जमीन पर अतिक्रमण पाया जाएगा, वहां नियमानुसार कार्रवाई करते हुए जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराने का प्रयास किया जाएगा।

नोटिस के बाद हटाया जाएगा अतिक्रमण

रांगाटांड़ से पांडरपाला तक चलाए गए अभियान के दौरान नापी और नंबरिंग के जरिए अतिक्रमण के दायरे में आने वाले निर्माणों की पहचान की गई। अब संबंधित लोगों को नोटिस देने और निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

इस अभियान से इलाके में अतिक्रमण हटाए जाने की संभावना बढ़ गई है। अब यह देखना होगा कि चिह्नित जमीनों पर आगे की कार्रवाई कब शुरू होती है और प्रशासन तय प्रक्रिया के तहत अभियान को किस तरह आगे बढ़ाता है।