नई दिल्ली/पटना: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की एक विवादित टिप्पणी को लेकर राजनीतिक घमासान छिड़ गया है। बिहार की राजधानी पटना में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर की गई उनकी टिप्पणी पर बीजेपी ने कड़ी आपत्ति जताई है। इसी बीच कार्यक्रम में मौजूद संतोष कुमार नाम के एक व्यक्ति के साथ कथित मारपीट का मामला भी सामने आया है। संतोष का कहना है कि उनकी बात को गलत समझ लिया गया, जिसके बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनके साथ मारपीट की और उन्हें कार्यक्रम स्थल से बाहर निकाल दिया।

भाषण के दौरान नारे को लेकर बढ़ा विवाद

यह घटना बिहार के पहले मुख्यमंत्री श्रीकृष्ण सिंह की 139वीं जयंती के मौके पर आयोजित समारोह की बताई जा रही है। कार्यक्रम में भाषण देते हुए खरगे चुनावी धांधली के आरोपों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर अपनी बात रख रहे थे। इसी दौरान भीड़ की ओर से आवाज आई, जिसे लेकर मंच से खरगे ने तीखी प्रतिक्रिया दी।

रिपोर्टों के मुताबिक, खरगे ने प्रधानमंत्री और उनके दिवंगत पिता का जिक्र करते हुए विवादित टिप्पणी की। इसके बाद कार्यक्रम स्थल पर मौजूद कुछ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एक व्यक्ति को पकड़ लिया। आरोप है कि उसके साथ मारपीट की गई और फिर उसे हॉल से बाहर निकाल दिया गया।

संतोष कुमार ने बताई अपनी बात

कार्यक्रम से बाहर निकाले जाने के बाद संतोष कुमार ने दावा किया कि उनकी बात का गलत अर्थ निकाला गया। उनके मुताबिक, वह प्रधानमंत्री मोदी के समर्थन में नारा नहीं लगा रहे थे, बल्कि उनकी सत्ता से विदाई की बात कर रहे थे।

संतोष ने कहा कि उनका आशय था कि जब तक विद्रोह नहीं होगा, तब तक मोदी सत्ता से नहीं हटेंगे। उनका दावा है कि भीड़ में उनकी बात का केवल एक हिस्सा सुनाई दिया, जिससे गलतफहमी पैदा हुई और विवाद बढ़ गया।

हालांकि, घटना के पूरे क्रम और मारपीट से जुड़े आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है।

बीजेपी ने खरगे के बयान पर जताई कड़ी आपत्ति

खरगे की टिप्पणी सामने आने के बाद बीजेपी नेताओं ने कांग्रेस अध्यक्ष पर राजनीतिक मर्यादा का उल्लंघन करने का आरोप लगाया। बीजेपी की ओर से कहा गया कि प्रधानमंत्री और उनके परिवार को लेकर इस तरह की भाषा का इस्तेमाल स्वीकार्य नहीं है।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी सोशल मीडिया मंच एक्स पर प्रतिक्रिया देते हुए खरगे के बयान की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस पहले भी प्रधानमंत्री और उनके परिवार को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां करती रही है।

बीजेपी प्रवक्ता तुहिन ए. सिन्हा ने भी बयान को अनुचित बताया। दूसरी ओर, कांग्रेस की ओर से टिप्पणी को बोलचाल के मुहावरे के तौर पर पेश किए जाने की बात कही गई है।

राजनीतिक बयानबाजी के बीच मारपीट का मुद्दा

इस पूरे मामले में दो सवाल चर्चा में हैं एक तरफ खरगे की टिप्पणी को लेकर राजनीतिक विवाद और दूसरी तरफ कार्यक्रम में मौजूद व्यक्ति के साथ कथित मारपीट। संतोष कुमार ने अपने बयान में गलतफहमी को घटना की वजह बताया है। फिलहाल, मामले में सामने आए दावों और आरोपों की पुष्टि आधिकारिक जानकारी तथा घटना के पूरे वीडियो के आधार पर किया जाना जरूरी है।